दिल्ली सरकार ने 1 नवंबर से प्रदूषण नियंत्रण के लिए नए उपायों की घोषणा की
वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए, दिल्ली सरकार ने पार्किंग शुल्क बढ़ाने और 50% वर्क-फ्रॉम-होम अनिवार्य करने की घोषणा की है।
1 नवंबर से अधिकृत स्थलों पर पार्किंग शुल्क दोगुना होगा।
सरकारी और निजी कार्यालयों में 50% कर्मचारियों की उपस्थिति कम करनी होगी।
10 दिसंबर, 2026 से निर्माण गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाया जाएगा।
दिल्ली सरकार ने 1 नवंबर से प्रदूषण स्तर में वृद्धि के मद्देनजर कई उपायों की घोषणा की है। इनमें पार्किंग शुल्क में वृद्धि, कार्यालयों के लिए समय में बदलाव और सरकारी और निजी कार्यालयों में 50% कर्मचारियों की उपस्थिति कम करने का निर्देश शामिल है।
पार्किंग शुल्क में वृद्धि के तहत, अधिकृत स्थलों पर शुल्क दोगुना किया जाएगा, जिससे निजी वाहनों के उपयोग को कम करने का प्रयास किया जाएगा। यह व्यवस्था 28 फरवरी, 2027 तक लागू रहेगी, जबकि दिल्ली मेट्रो रेल निगम द्वारा प्रबंधित पार्किंग स्थलों पर यह लागू नहीं होगा। इसके अतिरिक्त, कार्यालयों के समय में बदलाव किया गया है, जिसमें दिल्ली नगर निगम के कार्यालय 8:30 बजे से 5:00 बजे तक और राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र सरकार के कार्यालय 10:00 बजे से 6:30 बजे तक कार्य करेंगे।
50% वर्क-फ्रॉम-होम नीति के तहत, सरकारी और निजी कार्यालयों में आधे कर्मचारियों को इस अवधि के दौरान घर से काम करने का निर्देश दिया गया है, जो 28 फरवरी तक जारी रहेगा। इसके अलावा, सरकार ने 10 दिसंबर, 2026 से 20 जनवरी, 2027 तक सभी निर्माण और ध्वंस गतिविधियों पर पूर्ण प्रतिबंध लगाने की घोषणा की है, साथ ही 1 नवंबर, 2026 से 31 जनवरी, 2027 तक धूल उत्पन्न करने वाली गतिविधियों पर भी रोक लगाई जाएगी।
दिल्ली के मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता ने इन उपायों पर चर्चा करने के लिए केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भूपेंद्र यादव और दिल्ली के खाद्य और आपूर्ति मंत्री मंजींदर सिंह सिरसा के साथ बैठक की। मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वच्छ वायु सुनिश्चित करना साल भर की प्राथमिकता है और सरकार प्रमुख प्रदूषण स्रोतों के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने के लिए प्रतिबद्ध है।
आगे देखते हुए, ये उपाय दिल्ली में वायु गुणवत्ता में सुधार के लिए एक व्यापक रणनीति का हिस्सा हैं, जो आमतौर पर सर्दियों के महीनों में बिगड़ती है। सरकार इन पहलों की प्रभावशीलता की निगरानी करेगी और आने वाले महीनों में प्रदूषण स्तर के आधार पर आगे की कार्रवाई कर सकती है।




